इन्दिरा नगर जैन मन्दिर पर तेरह दिवसीय कार्यशाला
लखनऊ। उत्तर प्रदेश जैन विद्या शोध संस्थान (संस्कृति विभाग उ.प्र. ) द्वारा जैन मन्दिर आशियाना में श्री दिगम्बर जैन सेवा समिति और जैन महिला मण्डल द्वारा आचार्य श्री विवेक सागर के मंगल सानिध्य में श्रुत पंचमी-जिनवाणी विधान का आयोजन समिति अध्यक्ष चन्द्रप्रकाश, मंत्री अजय जैन महिला मण्डल की अध्यक्षा अल्पना जैन, मंत्री ऋतु जैन के संयोजकत्व में सम्पन्न हुआ। सांगानेर, जयपुर से पधारे विधानाचार्य पं. अभिषेक जैन शास्त्री ने संगीत के साथ मंत्रोच्चारण कर भक्तों से अर्घ समर्पित कराया।
उ.प्र. जैन विद्या शोध संस्थान के उपाध्यक्ष प्रो अभय कुमार जैन ने श्रुत पंचमी के महत्व पर प्रकाश डालते हुये बताया कि लगभग 2300 वर्ष पूर्व श्रुत पंचमी के दिन प्रथम जैन शास्त्र षट्खण्डागम की रचना प्राकृत भाषा में दो महा मुनिराजों भूतबलि और पुष्पदन्त ने की थी जो आज भी जैन धर्म का आलम्बन ग्रन्थ है।
जैन संस्कृति-संस्कार शिविर का शुभारंभ हुआ। इन्दिरानगर सेवा संस्थान के अध्यक्ष ई.पी.के.जैन एवं मंत्री अभिषेक जैन ने बताया कि शिविर प्रतिदिन प्रात: 6:30 से 9:30 तक मन्दिर में चलेगा। जिसमें लगभग 100 प्रतिभागियों को ग्वालियर से आये विद्वान चन्द्र कुमार और विदुषी अनुपमा जैन कक्षाएं लेंगे। जिसमें लगभग 50 प्रतिभगी सम्मलित होंगें।आशियाना एवं इन्दिरा नगर के कार्यक्रमों में बाहर के विद्वान पधारेंगे।





