आकांक्षा थियेटर आर्ट्स की ओर से नाटक का मंचन
लखनऊ। आकांक्षा थियेटर आर्ट्स, लखनऊ द्वारा भारत सरकार के संस्कृति मंत्रालय, नई दिल्ली के सहयोग से प्रतिभागी संस्था श्रद्वा मानव सेवा कल्याण समिति, लखनऊ द्वारा डा. राम प्रसाद बिस्मिल का नाट्य मंचन पं. भृगुदत्त तिवारी प्रेक्षागृह, डीएवी (पीजी) कालेज, ऐशबाग रोड, नाका हिन्डोला, लखनऊ में मंचित किया गया। नाटक मंचन से पूर्व उद्घाटन एवं दीप प्रज्वलन सुनील कुमार मिश्रा, एडवोकेट, गवर्निग बॉडी, कल्याण सिंह कैंसर इन्स्ट्ीटयूट लखनऊ तथा मुख्य अतिथि के रूप में उपस्थित मनमोहन तिवारी एवं विशिष्ठ अतिथि के रूप में उपस्थित राजीव कुमार तित्रपाठी प्राचार्य, डीएवी (पीजी) कालेज लखनऊ द्वारा कलाकारों को आशीर्वाद प्रदान किया गया। कथानक के अनुसार पं. राम प्रसाद बिस्मिल जी की यह पक्तियाँ हम भारतीयों के दिल को जोश से भर देती हैं और फिरंगियों के कानों में कीलों की तरह चुभती थी। अपनी भारत माता को आजाद कराने के लिए हमारे क्रान्तिकारियों ने जो कदम उठाए और जो बलिदान दिए उसे सुनकर आज भी हर भारतीय का दिल जोश से भर जाता है। हमारा नाटक पं. राम प्रसाद बिस्मिल आपको उन सभी घटनाओं को दिखाएगा जो हमारे भारत के वीर क्रान्तिाकारियों द्वारा हुए, इसी क्रम में बहुत ही महत्वपूर्ण घटना को पं. राम प्रसाद बिस्मिल द्वारा अन्जाम दिया गया जिसे हम काकोरी काण्ड के नाम से जानते हैं, जिसमें पं. बिस्मिल ने अपने साथियों के साथ योजना बनाकर काकोरी में अंग्रेजो का खजाना जो कि ट्रेन से जा रहा था उसे लूट किया गया, जिसके पश्चात् भारत की आजादी ने बहुत जोर पकड़ लिया ओर अंग्रेजों के दाँत खट्टे कर दिए इसके पश्चात पं. बिस्मिल और उनके साथी शहीद होकर भी भारत माता को आजाद करा गये। मंच पर सूत्रधार की भूमिका में मोहित यादव, राम प्रसाद बिस्मिल की भूमिका में सौरभ सिंह, चन्द्रशेखर आजाद की भूमिका सचिन कुमार शाक्य, अशफाक की भूमिका में ताकिर इकबाल, मुरारी की भूमिका में आर्पित श्रीवास्तव, अंग्रेज पुलिस फरहान अहमद, जज की भूमिका में आनन्द प्रकाश शर्मा एवं वकील की भूमिका में अशोक लाल इत्यादि कलाकारों ने अपने सशक्त अभिनय से दशर्कों को भाव विभोर कर दिया। इस प्रस्तुति को देखकर यह कहा जा सकता है कि श्रद्वा मानव कल्याण समिति लखनऊ की यह प्रस्तुति अत्यन्त प्रभावी रही।





