मुंबई। फिल्म इंडस्ट्री में आम धारणा यह रही है कि किसी भी फिल्म की किस्मत उसके पहले वीकेंड में ही तय हो जाती है। लेकिन ‘हनुमान अंश’ ने इस सोच को पूरी तरह बदल दिया है। महज 25 स्क्रीन से शुरू हुई इस फिल्म ने न सिर्फ शुरुआती सुस्ती को पीछे छोड़ा, बल्कि देखते ही देखते 100 करोड़ रुपये क्लब में शामिल होकर एक मिसाल कायम कर दी।
7 अगस्त को रिलीज हुई ‘हनुमान अंश’ की शुरुआत बेहद साधारण रही। पहले दिन फिल्म ने लगभग 10 लाख रुपये की कमाई की। पहले सप्ताह में यह आंकड़ा 1.08 करोड़ रुपये तक पहुंचा, जबकि दूसरे सप्ताह में गिरकर करीब 40 लाख रुपये रह गया। इस दौर में फिल्म के शो भी घटकर 250 से सिर्फ 25 रह गए थे। ऐसा लग रहा था कि फिल्म ज्यादा दिन टिक नहीं पाएगी। लेकिन तीसरे सप्ताह से कहानी ने ऐसा मोड़ लिया, जिसने सभी को चौंका दिया।
तीसरे सप्ताह में फिल्म ने 10.40 करोड़ रुपये की कमाई की और चौथे सप्ताह में यह आंकड़ा 61 करोड़ रुपये तक पहुंच गया। 6 सितंबर तक फिल्म ने भारत में 100 करोड़ रुपये नेट का आंकड़ा पार कर लिया। एक छोटे बजट और बिना बड़े स्टार वाली फिल्म के लिए यह उपलब्धि बेहद खास मानी जा रही है।
क्या है फिल्म की असली कहानी?
नाम से ऐसा लगता है कि फिल्म सीधे भगवान हनुमान की कथा पर आधारित होगी, लेकिन ऐसा नहीं है। ‘हनुमान अंश’ की कहानी दरअसल प्रसिद्ध संत नीम करौली बाबा के जीवन और उनकी आध्यात्मिक यात्रा से जुड़ी है। फिल्म में एक व्यक्ति लक्ष्मीनारायण की जीवन यात्रा दिखाई गई है, जो जीवन और मृत्यु जैसे गहरे सवालों के जवाब खोजते हुए आध्यात्मिक मार्ग पर आगे बढ़ता है और अंततः नीम करौली बाबा के प्रभाव से जुड़ जाता है।
फिल्म भक्ति, सेवा, प्रेम और मानवता के मूल्यों को केंद्र में रखती है। यह सिर्फ एक संत की जीवनी नहीं, बल्कि आत्मिक खोज की कहानी भी है, जो दर्शकों को भीतर तक प्रभावित करती है।
‘हनुमान’ नाम क्यों?
फिल्म का शीर्षक ‘हनुमान अंश’ होने के पीछे एक गहरा आध्यात्मिक संदर्भ है। नीम करौली बाबा को भगवान हनुमान का परम भक्त माना जाता है। उनकी साधना और जीवन में हनुमान भक्ति का विशेष स्थान रहा है। इसी कारण फिल्म के शीर्षक में ‘हनुमान’ शब्द जोड़ा गया, जो उनकी आस्था और आध्यात्मिक संबंध को दर्शाता है।
माउथ पब्लिसिटी बनी टर्निंग पॉइंट
फिल्म की सफलता का सबसे बड़ा कारण माउथ पब्लिसिटी रही। शुरुआत में दर्शकों की कमी थी, लेकिन जिन्होंने फिल्म देखी, उन्होंने इसकी कहानी और भावनात्मक गहराई की खुलकर तारीफ की। धीरे-धीरे यह चर्चा बढ़ती गई और थिएटर में दर्शकों की संख्या भी बढ़ने लगी।
जैसे-जैसे दर्शक बढ़े, फिल्म को अधिक स्क्रीन मिलने लगीं। आमतौर पर फिल्मों की कमाई समय के साथ घटती है, लेकिन ‘हनुमान अंश’ ने उल्टा ट्रेंड दिखाया—तीसरे और चौथे सप्ताह में इसकी कमाई तेजी से बढ़ी।
कम बजट, बड़ा कमाल
करीब दो करोड़ रुपये से कम बजट में बनी इस फिल्म ने बड़े बैनर और स्टार पावर के बिना ही सफलता हासिल की। निर्देशक विशाल चतुर्वेदी ने कहानी पर भरोसा जताया और प्रचार के लिए पारंपरिक तरीकों के बजाय भक्ति से जुड़े आयोजनों का सहारा लिया, जैसे भंडारे आदि।
सरकार का समर्थन भी मिला
फिल्म की लोकप्रियता को देखते हुए उत्तराखंड के मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने इसे राज्य में टैक्स फ्री करने की घोषणा की। उन्होंने इसे परिवार के साथ देखने योग्य और आध्यात्मिक फिल्म बताया।
अंतरराष्ट्रीय स्तर पर अगला कदम
भारत में सफलता के बाद अब फिल्म को वैश्विक स्तर पर रिलीज करने की तैयारी है। 11 सितंबर से इसे अंतरराष्ट्रीय बाजार में उतारा जाएगा। इसके वितरण अधिकार Hombale Films ने खरीदे हैं, जिससे फिल्म के वैश्विक दर्शकों तक पहुंचने की उम्मीद बढ़ गई है।
एक असाइनमेंट से शुरू हुई कहानी
फिल्म के निर्माण की कहानी भी उतनी ही रोचक है। अनुप्रिया नगर को विश्वविद्यालय के एक प्रोजेक्ट के दौरान स्टीव जॉब्स से जुड़े संदर्भों के माध्यम से नीम करौली बाबा के बारे में जानकारी मिली। इसके बाद उन्होंने इस विषय पर शोध शुरू किया, जो आगे चलकर फिल्म का रूप ले गया।
संगीत ने भी दिल जीता
फिल्म का भजन ‘मैंने तेरे ही भरोसे’ भी काफी लोकप्रिय हुआ है। इसे मध्य प्रदेश के दृष्टिबाधित लोकगायक सुनील लोधी ने अपनी भावपूर्ण आवाज में गाया है। उनकी सादगी और भक्ति से भरी प्रस्तुति ने इस गीत को खास पहचान दिलाई।
क्यों खास है ‘हनुमान अंश’?
‘हनुमान अंश’ सिर्फ एक फिल्म नहीं, बल्कि यह इस बात का उदाहरण है कि अच्छी कहानी और सच्ची भावनाएं किसी भी बड़े बजट या स्टार कास्ट से ज्यादा ताकतवर हो सकती हैं। 10 लाख की ओपनिंग से 100 करोड़ तक का सफर इस बात का प्रमाण है कि दर्शकों का भरोसा और उनकी जुबानी तारीफ किसी भी फिल्म की दिशा बदल सकती है।
यह फिल्म दो स्तरों पर सफल है-पर्दे पर एक गहरी आध्यात्मिक कथा के रूप में और पर्दे के बाहर एक संघर्षशील फिल्म की प्रेरक यात्रा के रूप में। यही वजह है कि ‘हनुमान अंश’ आज चर्चा का विषय बनी हुई है।





