- सितारा देवी की मौजूदगी में भातखंडे विवि की कार्यशाला समापन
लखनऊ। भातखंडे संस्कृति विश्वविद्यालय की दो दिवसीय कथक कार्यशाला का गुरुवार को समापन हुआ। कार्यशाला में प्रसिद्ध कथक नृत्यांगना एवं गुरू सितारा देवी की बेटी और बनारस घराने की प्रतिनिधि कलाकार जयंतीमाला मिश्रा ने लखनऊ के कलाकारों को गुर सिखाए। कार्यशाला विवि की कुलपति प्रो डॉ मांडवी सिंह की परिल्पना में हुआ। संयोजन नृत्य विभाग के अध्यक्ष ज्ञानेन्द्र दत्त वाजपेयी व डॉ रुचि खरे ने किया। पं राममोहन महाराज मौजूद रहे। दो दिवसीय कार्यशाला के दौरान सीखी गई बंदिशों का कलाकारों ने शानदार मंचन किया। बनारस घराने की पारंपरिक बंदिशों के साथ साथ ताल-तीनताल ,राग बसंत में निबद्ध आचार्य सुखदेव जी की रचना- “वृंदावन कुंजन मच्चो रास आली..आली वनमाली निरतत सब सखी दें ताली” की मनमोहक प्रस्तुति किया। जिसमें फरमाइशी चक्करदार बिजली परन के अलावा कवित्त, गत निकास का सुंदर समावेश देखने को मिला। कुछ समय से विश्वविद्यालय की कुलपति महोदया के निर्देश के क्रम में कई कार्यशालाओं का आयोजन किया गया। जिसमें यह कार्यशाला अपने आप में एक उपलब्धि है तथा इस पाठ्यक्रम में सम्मिलित बोल बंदिशों को जयंती माला मिश्रा ने सिखाया।





