लखनऊ। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ की जनसमस्याओं के त्वरित और गुणवत्तापूर्ण निस्तारण की प्राथमिकता का असर सीएम डैशबोर्ड की अगस्त माह की रैंकिंग में भी दिखाई दिया है। शाहजहांपुर ने 9.53 अंक के साथ प्रदेश में पहला स्थान हासिल किया है। वहीं रामपुर 9.48 अंक के साथ दूसरे और बरेली 9.43 अंक के साथ तीसरे स्थान पर रहा।
सीएम डैशबोर्ड पर जिलों के प्रदर्शन का आकलन जनशिकायतों के समयबद्ध निस्तारण, शिकायतों पर कार्रवाई, फीडबैक की गुणवत्ता, विकास योजनाओं के क्रियान्वयन और प्रशासनिक दक्षता समेत विभिन्न मानकों पर किया जाता है। शाहजहांपुर के जिलाधिकारी धर्मेंद्र प्रताप सिंह के मुताबिक जिले में मुख्यमंत्री की मंशा के अनुरूप विकास कार्यों को गुणवत्तापूर्ण और समयबद्ध तरीके से पूरा कराने के साथ शिकायतों का भी प्राथमिकता के आधार पर निस्तारण किया जा रहा है। शाहजहांपुर को अगस्त की रैंकिंग में 10 में से 9.53 अंक मिले।
अधिकारियों के अनुसार सीएम डैशबोर्ड के जरिए मिलने वाली शिकायतों की नियमित निगरानी कर उनके गुणवत्तापूर्ण समाधान पर जोर दिया जा रहा है। रामपुर के जिलाधिकारी अजय कुमार द्विवेदी ने बताया कि जिले के प्रदर्शन का मूल्यांकन कई मानकों पर किया जाता है। जुलाई में सीएम डैशबोर्ड के माध्यम से 68 योजनाओं की मॉनीटरिंग हुई, जिनमें से 65 कार्यक्रमों में जिले ने ए ग्रेड हासिल किया। वैकल्पिक ऊर्जा, ऊर्जा, कृषि, समाज कल्याण, लोक निर्माण, नियोजन, ग्राम्य विकास, चिकित्सा एवं स्वास्थ्य, पशुपालन, बेसिक व माध्यमिक शिक्षा, मत्स्य, उद्योग, सहकारिता और सिंचाई समेत विभिन्न विभागों के कार्यक्रमों में शत-प्रतिशत लक्ष्य हासिल करते हुए ए श्रेणी प्राप्त की गई। अगस्त की रैंकिंग में रामपुर को 9.48 अंक मिले और वह प्रदेश में दूसरे स्थान पर रहा।
अगस्त की टॉप-10 रैंकिंग में आजमगढ़ और पीलीभीत 9.36-9.36 अंक के साथ संयुक्त रूप से चौथे स्थान पर रहे। मैनपुरी 9.34 अंक के साथ पांचवें, महराजगंज 9.27 अंक के साथ छठे और अंबेडकरनगर 9.26 अंक के साथ सातवें स्थान पर रहा। इसी तरह सुल्तानपुर 9.24 अंक के साथ आठवें, हरदोई 9.23 अंक के साथ नौवें और सोनभद्र 9.21 अंक के साथ दसवें स्थान पर रहा। अधिकारियों का कहना है कि सीएम डैशबोर्ड की नियमित मॉनीटरिंग से विभागीय योजनाओं की प्रगति के साथ जनशिकायतों के निस्तारण की जवाबदेही भी बढ़ी है। मुख्यमंत्री की प्राथमिकता के अनुरूप जिलों में शिकायतों के समाधान और फीडबैक की गुणवत्ता पर विशेष ध्यान दिया जा रहा है।





