लखनऊ। जिन राज्यों में कोरोना पॉजिटिव की दर 03 प्रतिशत से ज्यादा है अब वहां से उत्तर प्रदेश आने वालों को आरटीपीसीआर टेस्ट की नेगेटिव रिपोर्ट लाना अनिवार्य होगा। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने रविवार को कहा कि कोरोना महामारी वर्तमान में नियंत्रित स्थिति में हैं, लेकिन इसके प्रति अतिरिक्त सतर्कता बरतने की जरूरत है। देश के विभिन्न राज्यों में कोविड संक्रमण के काफी मामले आ रहे हैं। ऐसे में जिन राज्यों में 3 प्रतिशत से ज्यादा कोरोना पॉजिटिव की दर हो उन राज्यों से उत्तर प्रदेश में आने वाले लोगों के लिए आरटीपीसीआर की निगेटिव रिपोर्ट अनिवार्य की जाये, जो यात्रा शुरू होने से चारा दिन से ज्यादा पुरानी न हो। उन्होंने कहा कि जिन लोगों ने कोरोना वैक्सीन की दोनों डोज प्राप्त कर ली है, उन्हें छूट दी जा सकती है। उन्होंने कहा कि रेलवे, बस स्टेशन और हवाई अड्डों पर एंटीजन टेस्ट की व्यवस्था सुनिश्चित की जाये।
मुख्यमंत्री को टीम-9 के साथ कोविड की स्थिति की समीक्षा बैठक में अवगत कराया गया कि प्रदेश के सात जिलों अलीगढ़, चित्रकूट, हाथरस, कासगंज, महोबा, शामली और श्रावस्ती में अब कोविड का एक भी मरीज नहीं है। यह जिले कोविड संक्रमण से मुक्त हैं। शनिवार को किसी भी जिले में दहाई अंक में नये केस की पुष्टि नहीं हुई है। प्रदेश सरकार द्वारा अपनायी गयी कोरोना नियंत्रण की नीति अत्यन्त कारगर सिद्ध हो रही है, जिससे प्रतिदिन कोरोना नियंत्रण की स्थिति और बेहतर होती जा रही है।
योगी को अवगत कराया गया कि मेडिकल कॉलेजों में पीडियाट्रिक आईसीयू के निर्माण की कार्यवाही तेजी से चल रही है। राज्य में 541 आॅक्सीजन संयंत्रों के निर्माण की स्वीकृति प्राप्त हुई है। इनमें से 171 आक्सीजन संयंत्र क्रियाशील हो गये हैं। उन्होंने कहा कि कोरोना कालखंड में हेल्थवर्कर व पैरामेडिक्स ने सराहनीय कार्य किया है, इन्हें सीएचसी व पीएचसी में स्थापित हो रहे हेल्थ एटीएम से जोड़ने की कार्ययोजना तैयार की जाये। मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य सरकार की ‘ट्रेस, टेस्ट एंड ट्रीट’ की नीति से प्रदेश में कोविड संक्रमण के मामलों में आशानुकूल तेजी से कमी आयी है। कोरोना संक्रमण की पॉजिटिविटी दर में लगातार कमी और रिकवरी दर में लगातार वृद्धि हो रही है। उन्होंने कोरोना से बचाव और उपचार की व्यवस्थाओं को मजबूत बनाये रखने के निर्देश दिये हैं।





