वो मछुआ आओ चले नदिया किनारे…
लखनऊ। श्री रामलीला समिति महानगर की ओर से 14 से 21 अक्टूबर तक रामलीला का मंचन होगा जिसकी तैयारियां इन दिनों बहुत तेजी से चल रही हैं। भारती पांडे के निर्देशन में छोटे-छोटे बच्चों को केवट प्रसंग और सीता जन्म की रिहर्सल करवाई जा रही है केवट प्रसंग के दौरान मछुआरा नृत्य जो इस बार आकर्षण का केंद्र होगा उसमें बच्चे “वो मछुआ आओ चले नदिया किनारे” इसके अलावा सीता जन्म में “प्रकटी सिया सुखदाई’ इसके अलावा राम जन्म में ‘अवध में बजे बधाइयां” की रिहर्सल तेजी से चल रही है। इसमें अन्य सहयोगी में हेमा जोशी, चित्रा कांडपाल आदि लोग बच्चों को बारीकियां समझा रही है। इसके अलावा अन्य कलाकारों को रामलीला निर्देशक महेंद्र पन्त और सह-निर्देशक हरीश लोहुमी पात्रों को संवाद और अभिनय की बारीकियाँ (तालीम) सिखा रहे हैं। समिति के अध्यक्ष ललित मोहन जोशी और महासचिव हेम पन्त ने बताया कि इस वर्ष रामलीला मंचन के लिए लगभग 10 लाख रुपये का बजट निर्धारित किया गया है। उन्होंने यह भी साझा किया कि इस बार दर्शकों को मंचन के दौरान कई नए आकर्षक दृश्य और विशेष प्रयोग देखने को मिलेंगे। मीडिया प्रभारी देवेंद्र मिश्रा ने बताया कि रामलीला की तैयारी को लेकर एक बैठक हुई जिसमें मुख्य रूप से संरक्षक फ्लाइंग आॅफिसर बी.पी. पांडे, संजय श्रीवास्तव, मुख्य संयोजक दीपक पांडे ‘दीनू’, वरिष्ठ पदाधिकारी विनोद पन्त ‘बीनू’, के.के. पांडे ‘कन्हैया’, घनानंद जोशी, बृजेश मेहता, नीरज लोहानी, आनंद सिंह, तारा दत्त जोशी, हिमांशु मिश्रा, संजय पांडे, मनोज निगम, सर्वजीत सिंह बोरा, दीपेश पांडे, कमल पन्त, भावना लोहानी, चित्रा पांडे, हेमा पांडा, इंदु भट्ट मौजूद रहे।




